देश की उच्च सदन की राजनीति के लिए अहम माने जा रहे राज्यसभा चुनावों के तहत आज 10 राज्यों की 37 सीटों के लिए मतदान शुरू हो गया है। इन चुनावों को लेकर राजनीतिक दलों में काफी सक्रियता देखी जा रही है। विभिन्न दलों के विधायक अपने-अपने उम्मीदवारों के पक्ष में वोट डालने के लिए विधानसभा पहुंच रहे हैं।
इन चुनावों का आयोजन Election Commission of India की निगरानी में कराया जा रहा है। मतदान प्रक्रिया सुबह से ही शांतिपूर्ण ढंग से शुरू हो गई है और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। कई राज्यों में मतदान विधानसभा परिसरों में हो रहा है, जहां केवल अधिकृत विधायकों और चुनाव अधिकारियों को ही प्रवेश की अनुमति दी गई है।
राज्यसभा के लिए होने वाले चुनाव सीधे जनता द्वारा नहीं बल्कि संबंधित राज्यों के निर्वाचित विधायक करते हैं। इन चुनावों में एकल हस्तांतरणीय वोट प्रणाली (Single Transferable Vote) के जरिए मतदान कराया जाता है। इस प्रणाली के तहत विधायक अपनी पसंद के उम्मीदवारों को प्राथमिकता क्रम में वोट देते हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार इस बार के चुनाव कई राज्यों में दिलचस्प हो सकते हैं, क्योंकि कुछ सीटों पर मुकाबला कड़ा माना जा रहा है। प्रमुख राष्ट्रीय और क्षेत्रीय दलों ने अपने-अपने उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं और सभी दलों ने अपने विधायकों को मतदान को लेकर आवश्यक निर्देश भी जारी किए हैं।
मतदान के दौरान कई राजनीतिक दलों ने अपने विधायकों के लिए विशेष बैठकें भी आयोजित की थीं, जिनमें उन्हें मतदान की प्रक्रिया और पार्टी के रुख के बारे में जानकारी दी गई। कई दलों ने क्रॉस वोटिंग की आशंका को देखते हुए अपने विधायकों को एकजुट रहने की सलाह दी है।
इन चुनावों के परिणाम संसद के उच्च सदन की ताकत के संतुलन को प्रभावित कर सकते हैं। राज्यसभा में सीटों की संख्या बढ़ने या घटने से विभिन्न दलों की संसदीय रणनीति पर भी असर पड़ता है, खासकर तब जब संसद में महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने की बात आती है।
मतदान पूरा होने के बाद आज ही मतगणना की प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है। चुनाव अधिकारियों का कहना है कि यदि कहीं तकनीकी या अन्य समस्या नहीं आती है तो परिणाम देर शाम तक घोषित किए जा सकते हैं।
राजनीतिक दलों के लिए ये चुनाव बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं, क्योंकि इससे आने वाले समय में संसद में उनकी स्थिति मजबूत या कमजोर हो सकती है। इसी कारण सभी दल अपने विधायकों के संपर्क में बने हुए हैं और मतदान प्रक्रिया पर करीबी नजर रख रहे हैं।
चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह शांतिपूर्ण और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन और चुनाव आयोग की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। अधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि मतदान और मतगणना दोनों ही चरण बिना किसी बाधा के सफलतापूर्वक पूरे हो जाएंगे।









