वैश्विक तनाव के बीच Rahul Gandhi ने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump के कथित बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की भाषा या कार्रवाई, जो पूरी सभ्यता के अंत की बात करे, आधुनिक दुनिया में स्वीकार्य नहीं हो सकती।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपने बयान में राहुल गांधी ने कहा कि युद्ध भले ही एक वास्तविकता हो, लेकिन यह हमेशा दुखद होता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि परमाणु हथियारों का इस्तेमाल किसी भी परिस्थिति में उचित नहीं ठहराया जा सकता। उनका यह बयान उस समय आया है जब अमेरिका और ईरान के बीच तनाव तेजी से बढ़ रहा है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा था कि यदि तय समयसीमा तक समझौता नहीं हुआ, तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं, यहां तक कि “पूरी सभ्यता” के खतरे की बात भी सामने आई। इस बयान ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ा दी है।
ईरान की ओर से भी हालात को देखते हुए नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की गई है। खबरों के मुताबिक, युवाओं से कहा गया है कि वे महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों जैसे पावर प्लांट्स के आसपास मानव श्रृंखला बनाकर सुरक्षा में सहयोग करें। वहीं, क्षेत्र में पहले ही कुछ हमलों की सूचना है, जिनमें पुल और रेलवे स्टेशन को निशाना बनाया गया।
अमेरिका द्वारा ईरान के खार्ग द्वीप स्थित सैन्य ढांचे पर कार्रवाई की भी खबरें सामने आई हैं, जिससे तनाव और बढ़ गया है। Strait of Hormuz को लेकर भी दोनों देशों के बीच टकराव की स्थिति बनी हुई है, जो वैश्विक तेल आपूर्ति के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण क्षेत्र है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बयान और सैन्य गतिविधियां न केवल क्षेत्रीय शांति को प्रभावित कर सकती हैं, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी गंभीर परिणाम ला सकती हैं। भारत सहित कई देश इस स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और कूटनीतिक समाधान की उम्मीद कर रहे हैं।
राहुल गांधी का यह बयान ऐसे समय में आया है जब दुनिया पहले से ही कई भू-राजनीतिक संकटों से जूझ रही है। उनके इस रुख को शांति और संयम की अपील के रूप में देखा जा रहा है।









