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पाकिस्तान लिंक रिपोर्ट पर असम की राजनीति गरमाई, हिमंत बिस्वा सरमा और गौरव गोगोई आमने-सामने

असम की राजनीति में उस वक्त तीखी हलचल मच गई जब एक हालिया रिपोर्ट में पाकिस्तान से जुड़े कथित संपर्कों का मामला सामने आया। इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई के बीच सियासी टकराव तेज हो गया है।

मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जा सकती। उन्होंने मांग की कि ऐसे आरोपों की निष्पक्ष और गहन जांच होनी चाहिए, ताकि सच्चाई देश के सामने आ सके। सरमा ने यह भी कहा कि जनता को यह जानने का अधिकार है कि देश और राज्य की सुरक्षा से जुड़े मामलों में कौन-कौन जिम्मेदार है।

वहीं कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे राजनीतिक बदले की कार्रवाई बताया। उन्होंने कहा कि चुनावी माहौल में इस तरह की रिपोर्टें सामने लाकर विपक्ष को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है। गोगोई ने स्पष्ट किया कि उनका या उनकी पार्टी का किसी भी तरह के अवैध या विदेशी संपर्क से कोई लेना-देना नहीं है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह विवाद आने वाले समय में असम की राजनीति को और अधिक गरमा सकता है। एक ओर सत्तारूढ़ दल इसे सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मुद्दा बता रहा है, तो दूसरी ओर विपक्ष इसे ध्यान भटकाने की रणनीति करार दे रहा है।

फिलहाल जनता की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या इस कथित पाकिस्तान लिंक रिपोर्ट की कोई आधिकारिक जांच होती है या यह मामला केवल राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तक ही सीमित रह जाता है।

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