भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार एक बार फिर राष्ट्रीय टीम में वापसी की दौड़ में नजर आ रहे हैं। पिछले दो आईपीएल सीजन में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की लगातार खिताबी सफलता में अहम भूमिका निभाने वाले भुवनेश्वर ने टीम इंडिया के लिए दोबारा खेलने की इच्छा भी जाहिर की है।
भुवनेश्वर कुमार ने आखिरी बार नवंबर 2022 में भारत के लिए टी20 इंटरनेशनल मुकाबला खेला था। इसके बाद से वह राष्ट्रीय टीम से बाहर हैं। हालांकि, आईपीएल 2025 और 2026 में उनके लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन ने एक बार फिर चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खींचा है।
36 वर्षीय भुवनेश्वर ने आईपीएल 2025 में 17 विकेट हासिल किए थे। इसके बाद 2026 के सीजन में उन्होंने अपने प्रदर्शन को और बेहतर करते हुए 28 विकेट झटके। उन्होंने ये विकेट 17.89 की शानदार औसत से हासिल किए।
उनका 28 विकेट का प्रदर्शन उन्हें पर्पल कैप जीतने से सिर्फ एक विकेट दूर ले गया। अगर वह एक और विकेट हासिल कर लेते, तो रिकॉर्ड तीसरी बार पर्पल कैप जीतने वाले गेंदबाज बन सकते थे।
टीम इंडिया में वापसी को लेकर क्या बोले भुवनेश्वर?
टीम इंडिया में वापसी के सवाल पर भुवनेश्वर कुमार ने कहा कि वह अब किसी को कुछ साबित करने के लिए क्रिकेट नहीं खेल रहे हैं। हालांकि, अगर उन्हें दोबारा भारत के लिए खेलने का मौका मिलता है तो वह निश्चित रूप से खुश होंगे।
जतिन सप्रू के यूट्यूब चैनल पर बातचीत के दौरान भुवनेश्वर ने कहा कि अब वह उस दौर से आगे निकल चुके हैं, जब वह अगली सीरीज में चयन होने का इंतजार किया करते थे।
उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य किसी को यह साबित करना नहीं है कि वह अभी भी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के लायक हैं, लेकिन भारत के लिए दोबारा खेलने का मौका मिलना उनके लिए खुशी की बात होगी।
टीम से बुलावे के बाद जगी थी उम्मीद
भुवनेश्वर ने बातचीत के दौरान बताया कि एक समय उन्हें टीम इंडिया में वापसी की उम्मीद जगी थी। उन्हें एक फोन कॉल आया था और उस बातचीत से उन्हें लगा था कि शायद वह आने वाली दो सीरीज में भारतीय टीम का हिस्सा बन सकते हैं।
लेकिन बाद में परिस्थितियां उनकी उम्मीद के मुताबिक नहीं रहीं। भुवनेश्वर ने कहा कि शुरुआत में यह आसान नहीं था, लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने स्थिति को स्वीकार कर लिया।
उन्होंने इस दौरान अपने परिवार की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया। उनके मुताबिक, परिवार ने उन्हें इस दौर से बाहर निकलने और परिस्थितियों के साथ समझौता करने में काफी मदद की।
भुवनेश्वर ने कहा कि जब उन्हें पता चला कि चीजें वैसी नहीं हैं जैसी उन्होंने पहले समझी थीं, तो उन्होंने स्थिति को स्वीकार कर लिया और उससे आगे बढ़ने की कोशिश की।
2022 में खेला था आखिरी अंतरराष्ट्रीय मुकाबला
भुवनेश्वर कुमार ने भारत के लिए अपना आखिरी अंतरराष्ट्रीय मुकाबला नवंबर 2022 में खेला था। उन्होंने न्यूजीलैंड के नेपियर में खेले गए टी20 इंटरनेशनल मुकाबले में हिस्सा लिया था।
यह मुकाबला ऑस्ट्रेलिया में खेले गए टी20 विश्व कप 2022 के सेमीफाइनल में भारत के बाहर होने के बाद हुई टी20 सीरीज का हिस्सा था।
इसके बाद भुवनेश्वर को भारतीय टीम में नियमित जगह नहीं मिल पाई। हालांकि, घरेलू क्रिकेट और आईपीएल में उनका प्रदर्शन लगातार उन्हें चर्चा में बनाए रखता रहा है।
RCB के लगातार दो खिताबों में निभाई अहम भूमिका
भुवनेश्वर कुमार ने पिछले दो आईपीएल सीजन में RCB के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनकी सबसे बड़ी खासियत यह रही कि वह नई गेंद के साथ-साथ पुरानी गेंद से भी प्रभावी साबित हुए।
आईपीएल 2025 में उन्होंने 17 विकेट लिए, जबकि 2026 में उन्होंने अपने प्रदर्शन को और बेहतर करते हुए 28 विकेट हासिल किए।
2026 सीजन में उनका गेंदबाजी औसत 17.89 रहा, जो उनकी निरंतरता को दर्शाता है। 28 विकेट के साथ वह पर्पल कैप की दौड़ में भी बेहद करीब रहे और रिकॉर्ड तीसरी बार यह पुरस्कार जीतने से सिर्फ एक विकेट दूर रह गए।
RCB की लगातार दो खिताबी अभियानों में उनका अनुभव और गेंदबाजी विविधता टीम के लिए काफी उपयोगी साबित हुई।
भारत के लिए कैसा रहा है भुवनेश्वर का रिकॉर्ड?
भुवनेश्वर कुमार ने भारत के लिए तीनों फॉर्मेट में कुल 229 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले हैं। इस दौरान उन्होंने 294 विकेट अपने नाम किए हैं।
उनका अंतरराष्ट्रीय गेंदबाजी औसत 29.50 रहा है। उनके रिकॉर्ड में सात बार पांच विकेट लेने का कारनामा भी शामिल है।
भुवनेश्वर की स्विंग गेंदबाजी, नई गेंद को दोनों तरफ से मूव कराने की क्षमता और डेथ ओवरों में गेंदबाजी करने का अनुभव उन्हें भारतीय क्रिकेट के लिए लंबे समय तक उपयोगी बनाता रहा है।
क्या फिर पहन पाएंगे टीम इंडिया की जर्सी?
पिछले दो आईपीएल सीजन में भुवनेश्वर के प्रदर्शन ने निश्चित रूप से उनकी राष्ट्रीय टीम में वापसी की संभावनाओं को मजबूत किया है। हालांकि, अंतिम फैसला भारतीय चयनकर्ताओं पर निर्भर करेगा।
भुवनेश्वर की उम्र अब 36 वर्ष है और भारतीय टीम में तेज गेंदबाजी के लिए युवा विकल्प भी मौजूद हैं। ऐसे में उनके लिए वापसी आसान नहीं होगी। लेकिन आईपीएल में लगातार बेहतर प्रदर्शन और बड़े मुकाबलों का अनुभव उनके पक्ष में जा सकता है।
भुवनेश्वर खुद भी अब चयन की चिंता में रहने के बजाय अपने प्रदर्शन पर ध्यान देने की बात कह रहे हैं। यदि उन्हें भारत की ओर से दोबारा खेलने का अवसर मिलता है, तो यह उनके लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर में एक और महत्वपूर्ण अध्याय हो सकता है।








